नितेश वर्मा उप सम्पादक एम आर जे न्यूज महराजगंज
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की पहली ड्राफ्ट सूची मंगलवार को जारी हो गई है। अब लोग चुनाव आयोग की वेबसाइट पर जाकर ड्राफ्ट मतदाता सूची में अपना नाम देख सकते हैं। राज्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने कहा कि आज विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण 2026 में ड्राफ्ट रोल पब्लिश कर रहे हैं। सभी 75 जिलों में मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के साथ बैठक हुई है। उन्हें प्रिंटेड और सॉफ्ट कॉपी दी गई है।
निर्वाचन अधिकारी ने कहा, आप वेबसाइट से सीधे अपना नाम देख सकते हैं। 27 अक्टूबर 2025 से प्रक्रिया शुरू हुई। 4 नवंबर से पहला चरण शुरू हुआ। उस वक्त 15 करोड़ 30 हजार 92 मतदाता थे। सभी का गणना प्रपत्र प्रिंट आउट लिया था। प्रपत्र घर-घर जाकर दिए गए। उन्होंने बताया कि पहले एक सप्ताह के लिए समय बढ़ाया गया। फिर 11 दिसंबर को गणना चरण समाप्त होना था। 2.97 लाख नाम हट रहे थे, इसके लिए 15 दिन का अतिरिक्त समय दिया गया। 26 दिसंबर तक गणना चरण चला।
नवदीप रिणवा ने कहा कि एक मतदाता बूथ पर 1200 से अधिक वोटर नहीं रहेंगे, पहले 1500 था। जहां अधिक मतदाता थे, वहां नए बूथ बने। 15030 नए बूथ बने। गणना प्रपत्र जो मिले उनकी संख्या 12 करोड़ 55 लाख 56 हजार 25 रही। सवाल कीजिएगा कि पहले तो 15.44 करोड़ मतदाता बताए गए थे।
2.89 करोड़ वोटर्स के नाम कटे
मृत: 46.23 लाख
शिफ्टेड: 2.17 करोड़
डुप्लीकेट: 25.47 लाख।
नोटिस दिया जाना शुरू किया जा रहा, जिनकी मैपिंग नहीं हो पाई थी
निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि राजनीतिक दलों ने 5766211 बूथ एजेंट तैनात किए गए थे। एक महीने तक दावा और आपत्ति अवधि शुरू हो रही है। 6 जनवरी से 6 फरवरी तक कर सकेंगे। 6 जनवरी से नोटिस भी दिया जाना शुरू किया जा रहा है। जिनकी मैपिंग नहीं हो पाई थी।
लखनऊ में कम हुए 12 लाख वोटर
लखनऊ जैसे शहरी क्षेत्रों में स्थिति अधिक चिंताजनक रही, जहां 39 लाख मतदाताओं में से 12 लाख वोटर कम हो गए। इनमें 5.4 लाख दोहरी पंजीकरण वाले और 4.3 लाख अनट्रेसेबल थे। शहरी क्षेत्रों में फॉर्म कलेक्शन की दर ग्रामीण क्षेत्रों की तुलना में काफी कम रही, क्योंकि लोग काम या माइग्रेशन के कारण घर पर उपलब्ध नहीं थे। कानपुर, गाजियाबाद और नोएडा जैसे शहरों में भी यही समस्या देखने को मिली।
6 फरवरी तक दर्ज करा सकते हैं आपत्ति
प्रमुख जिलों में लखनऊ के अलावा प्रयागराज में 11.56 लाख, कानपुर नगर 9 लाख, आगरा में 8.36 लाख, गाजियाबाद में 8.18 लाख वोटर कम हो गए। ड्राफ्ट मतदाता सूची में नाम न होने पर आपत्ति दर्ज करा सकते हैं। इसके लिए उनके पास एक महीने यानी 6 फरवरी तक का समय होगा। इन्हीं 30 दिनों में दावे और आपत्तियां ली जाएंगी। दावे और आपत्तियां मुफ्त हैं। आयोग ने हेल्पलाइन नंबर- 1950 जारी किया है, जहां सहायता ली जा सकती है। शहरी क्षेत्रों में कम सहयोग को देखते हुए आयोग ने विशेष कैंप लगाने की योजना बनाई है।
3 स्टेप में ऐसे देखें नाम चुनाव आयोग की वेबसाइट (https://voters.eci.gov.in/download-eroll) पर जाएं।
राज्य और जिला चुनें। इसके बाद अपना विधानसभा क्षेत्र सेलेक्ट करें।
अपना बूथ सेलेक्ट करें और ड्राफ्ट सूची डाउनलोड कर लें।
पहले चरण में क्या हुआ?
SIR का पहला चरण 4 नवंबर, 2025 से शुरू हुआ। इसमें बीएलओ ने घर-घर जाकर फॉर्म बांटे और मतदाताओं से जानकारी इकट्ठा की। पहले यह चरण 4 दिसंबर तक चलना था। लेकिन, विपक्ष की मांग पर पहले इसे 7 दिन बढ़ाया गया, फिर 15 दिन का समय बढ़ाया गया। पहले चरण में 2003 की मतदाता सूची से तुलना की गई और मौजूदा वोटर की उनसे मैपिंग की गई।
पहले चरण में कितने मतदाता कम हुए
पहले चरण के अंत में प्रदेश में 2.89 करोड़ मतदाता ‘अनकलेक्टेबल’ श्रेणी में पाए गए।
11 दिसंबर को संख्या 2.96 करोड़ थी, जो 15 दिनों में 7 लाख घटकर 2.89 करोड़ पर आई।
स्थायी रूप से स्थानांतरित मतदाताः लगभग 1.3 करोड़।
मृतक मतदाताः करीब 45 लाख।
दोहरी पंजीकरण वालेः लगभग 23 लाख।
फॉर्म न लौटाने वाले: 9.4 लाख।
अनुपस्थित या अनट्रेसेबल: 84.5 लाख।
Lucknow News: UP SIR की पहली ड्राफ्ट वोटर लिस्ट जारी, 2.89 करोड़ नाम कटे
Published On:
Live User: 0
इसे भी पढ़ें
News Desk
नमस्कार, MRJNews.in पर आप का स्वागत है। हमारा उदेस्य है आप को उत्तर प्रदेश महराजगंज जिले से जुड़ी ताज़ा खबरें प्रदान करना है, ताकि आप हमेशा अपडेटेड रहें। अगर हमारे द्वारा दिए गए खबर में कोई त्रुटि होती है तो आप हमसे बेझिझक संपर्क कर सकते है Whatsapp 7754835841 के जरिए धन्यवाद।
For Feedback - ask.mrjnews.in@gmail.com













